विरासत
इतिहास से शिक्षा
आत्मचिंतन
हमें कहाँ जाना है, यह जानने के लिए हम देखते हैं कि हम कहाँ से आए हैं। तीन जीवन — एक शिक्षक, एक साम्राज्य-निर्माता और धम्म के सम्राट — मौर्य समाज की नैतिक धरोहर हैं।

भगवान बुद्ध
सिद्धार्थ गौतम, एशिया का प्रकाश — वह जागृत शिक्षक जिनके प्रज्ञा, शील और करुणा के मार्ग ने एशिया की सभ्यता को नया रूप दिया।
पूरा वृत्तांत पढ़ें

चंद्रगुप्त मौर्य
मौर्य साम्राज्य के संस्थापक, जिन्होंने उपमहाद्वीप को एक किया, सिकंदर के उत्तराधिकारियों का सामना किया, और अंत में सिंहासन त्याग दिया।
पूरा वृत्तांत पढ़ें

सम्राट अशोक महान
वह सम्राट जिन्हें कलिंग युद्ध ने विजय से धम्म की ओर मोड़ा — जिनके शिलालेख, स्तंभ और चक्र आज भी भारतीय चेतना को परिभाषित करते हैं।
पूरा वृत्तांत पढ़ें